पत्रकारों पर कवरेज के दौरान पुलिस द्वारा दर्ज किये गये फर्जी मुकद्दमों को वापस लेने और उत्पीड़न किये जाने और पत्रकार सुरक्षा कानून लागू तथा किसान सम्मान निधि की तरह पत्रकार सम्मान निधि लागू करने अलीगढ़ जिले विभिन्न थानों में पुलिस द्वारा कवरेज के दौरान पत्रकारों पर फर्जी मुकद्दमें दर्ज किये हैं, और उनका उत्पीड़न अभद्रता भी है। जिससे उनकी काफी छवि धूमिल हुई है और उनके सम्मान को ठेस पहुंची है।
जिले के थाना बन्नादेवी में पुष्पेन्द्र सिंह,अहारोम राजोरिया,दीपक कुमार कश्यप,जनपद हाथरस के हाथरस गेट कोतवाली में सत्यवीर सिंह यादव और थाना क्वार्सी में यामीन खान, सद्दाम गुलाम नबी,थाना देहलीगेट में वसीम खा आदि अन्य पत्रकारों के खिलाफ पुलिस द्वारा मनगढ़त कहानी रचकर झूठे मुकद्दमें दर्ज कर दिये गये हैं। पुलिस द्वारा बिना किसी जांच के ही पत्रकारों के खिलाफ झूठे मुकद्दमें दर्ज कर लिये गये हैं। पत्रकारों के ऊपर दर्ज किये गये मुकद्मों को सरकार द्वारा वापस कराश जाए। जिससे कि लोकतंत्र के चौथे स्तम्भ का उत्पीड़न ना हो सके। इसके अलावा राष्ट्रीय पत्रकार महासंघ अलीगढ़ इकाई द्वारा आपसे विनम्र अनुरोध किया जाता है,बिहार राज्य और छत्तीसगढ़ की सरकारों द्वारा जो कार सुरक्षा कानून लागू किया है वह एक बहुत ही सराहनीय कदम पत्रकारों के हित में उठाया गया है। इसी तर्ज पर यूपी सरकार द्वारा भी पत्रकारों के हितों को देखते हुये प्रदेश में पत्रकार सुरक्षा कानून लागू और किसान सम्मान निध योजना की तरह पत्रकार सम्मान निधि योजना लागू की जाए।
अतः आपसे राष्ट्रीय पत्रकार महासंघ अलीगढ़ इकाई द्वारा पत्रकार हितों रक्षा की मांगों पर संज्ञान लेने का आग्रह और अपेक्षा की जाती है। कि आपकी सरकार पत्रकारों की मांगों को पूरा करने के लिये पत्रकार हितों की रक्षा करेगी।
बाईट :एसीएम प्रथम
पत्रकार :धर्मेंद्र राघव
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