अबबिजली विभागकाकार्यभीसम्हालेगीट्रेफिकपुलिस

 *अलीगढ़ मे अब ट्रेफिक पुलिससम्हालने जा रही नया काम*

अब ट्रेफिक पुलिस की जिम्मेदारी समस्त सेक्टर प्रभारी अपने अपने सेक्टर मे रखे ट्रांसफार्मर की फोटो मय जियो टेग के स्थान पर रखा है उसका विवरण मार्ग सहित ग्रुप के माध्यम से तत्काल उपलब्ध सुनिश्चित करें प्रकरण अति महत्वपूर्ण है आदेशानुसार श्री मान सी पी टी महोदय जी मामला मजाक का नहीं सच तो ये है की अब ट्रेफिक पुलिस ट्रेफिक कम अन्य काम को ज्यादा करेगी क्यों कि अलीगढ़ जनपद मे वाहन चलवाने का कार्य ट्रेफिक पुलिस नहीं बल्कि ट्रेफिक पुलिस के अधिकारी ज्यादा करेंगे क्यों कि इनके अधिकारियों बा आर टी ओ अलीगढ़ को पूर्ण जानकारी है कि शहर के अन्दर कितने वाहन बिना परमिट के चल रहे है और कितने वाहनों से महीने की इनकम होगी क्यों कि विभाग खुद अपने कामों को निपटाने मे सफल नहीं बल्कि अब ट्रेफिक पुलिस को केवल कठपुतली की तरह प्रयोग किया जा रहा अब ट्रेफिक पुलिस वाहनों का चालान करें तो ट्रेफिक टी एस आई को उस चौराहे से हटा दिया जाता है क्यों कि मोटी रकम महीने बंदी कहा से आनी है और ट्रेफिक पुलिस के आला अधिकारी कब मौज करेंगे मामला यही नहीं रुकता अब ट्रेफिक पुलिस किसी वाहन का चालान काटे तो वाहन चालकों के पास उन ट्रेफिक अधिकारियों के नम्बर दे दिये जाते है ताकि गाड़ी का चालान कोई करें तो तत्काल गाड़ी मे चालक महोदय गाड़ी से उतरते ही तभी है ताकि फोन से बात करा कर अपनी जान बचा सके अब बात यही समाप्त नहीं होती बिजली विभाग का कार्य बिजली विभाग की अपनी जिम्मेदारी है लेकिन अब बिजली विभाग का कार्य ट्रेफिक पुलिस सम्हालेगी अब ट्रेफिक पुलिस मय जियो टेग के फोटो खींच कर जानकारी देंगे अब अगर ट्रांसफार्मर अधिक ऊंचाई पर रखा हो तो सेक्टर प्रभारी मय जियो टेग के फोटो ऊपर चढ़ कर खींचेंगे या अपनी जिंदगी को तस्वीर मे परिवर्तित करेंगे क्यों कि अधिकतर ट्रांसफॉर्मर अधिक ऊंचाई पर रखे मिलेंगे अब ट्रेफिक पुलिस के अधिकारी अगर किसी चौराहे से गुजरेंगे तो ट्रेफिक अधिकारी नजदीकी चौराहे से गुजरने वाले स्थान पर कुछ समय पहले सूचना दे देंगे कि अब आपके हुक्मरान इस चौराहे से गुजरेंगे और चौराहे पर जाम या अनावश्यक वाहन खड़े ना मिले ताकि उनका रास्ता साफ हो सके ताकि सच की तस्वीर से बच सके सेक्टर प्रभारी और ट्रेफिक पुलिस अलीगढ़ जनपद मे कुछ चौराहे तो उन बस संचालकों ने अपने कब्जे मे ले लिये है ताकि वो ट्रेफिक पुलिस का सम्मान करना ही भूल चुके है तो ट्रेफिक पुलिस की क्या गर्ज पड़ी जो उन वाहनों को रोके क्यों कि ट्रेफिक पुलिस अपने आला अधिकारियों की तीमारदारी भी करें और अपनी बेज्जती भी करवाए तो अब ट्रेफिक पुलिस भी समझदार हो चुकी है कि हमको अधिकारियों की भी सुननी है आम जनता की भी सुननी है तो क्यों ना इन बड़े अधिकारियों के चमचों से मिलकर कोई रास्ता निकाला जा सके तो कुछ आंशिक लाभ ट्रेफिक पुलिस को भी मिल जाय और इन्हीं के वाहनों को चलवाने मे सहियोग किया जाय तो खुद की भी जान बच जाय और ट्रेफिक पुलिस का भी भला हो जाए तो ट्रेफिक पुलिस ने आम जनता और आला अधिकारियों से बीच का रास्ता निकाल लिया अब इसको ट्रेफिक पुलिस की मजबूरी कहो या बीच का रास्ता या फिर तस्वीर सच है कि जब आला अधिकारी मौज कर रहे तो भला ट्रेफिक पुलिस क्यों पीछे रह जाय पुलिस को आम जनता की भी सुननी है और बड़े हुक्मरानों की इधर अपनी वर्दी की भी लाज बचानी है तो बीच का रास्ता निकालकर अपनी इज्जत का फालूदा बचाकर बीच का रास्ता निकाल लिया जाय ताकि कुछ ट्रेफिक पुलिस का भी भला हो जाय और इन बस संचालकों की इनकम भी हो जाय क्यों कि जब बड़े अधिकारी ही भ्रष्टाचार मे लिप्त होंगे तो छोटों कीतो  मजबूरी है तो ट्रेफिक पुलिस ने उन भ्रष्टाचारी और भ्रष्ट अधिकारियों से बचने का रास्ता निकाल लिया इसी को कहते है जियो और जीने दो क्यों कि भ्रष्टाचार को मिटाने वाले मिट तो गये लेकिन भ्रष्टाचार नहीं मिटे तो ट्रेफिक पुलिस क्यों अपनी बेज्जती कराए सूत्रों से मिली जानकारी की ये तस्वीर है ना आत्म चिंतन ना आत्म मिन्थन है सच तो यह है कि अलीगढ़ जनपद मे इन बड़े अधिकारी ही भ्रष्ट होंगे तो ट्रेफिक पुलिस को अपना रास्ता निकालने मे ही भलाई है !

*चोर चोर मौसेरे भाई कहना क्या बुरी बात है †*अब

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