बालाजी जी मंदिर को तोड़ा गया तो कर लूंगा आत्मदाह:- ठा0 ज्ञानेंद्र सिंह

अलीगढ़। खेरेश्वर चौराहा स्थित प्राचीन श्री बालाजी मंदिर को भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) द्वारा जबरन तोड़े जाने के विरोध में क्षत्रिय करणी सेना व स्थानीय जनता का गुस्सा फूट पड़ा। घटना से नाराज सैकड़ों की संख्या में करणी सैनिक और आम जनमानस सड़क पर उतर आए और उन्होंने प्रशासन व NHAI के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।


देखते ही देखते मौके पर भारी तनाव की स्थिति पैदा हो गई। आक्रोशित लोगों का कहना है कि विकास के नाम पर आस्था के केंद्र को इस तरह जबरन ढहाया जाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और निंदनीय है।

भाजपा राज में मंदिर टूटने पर गहराया आक्रोश

प्रदर्शनकारियों ने सूबे की भाजपा सरकार पर भी तीखे सवाल खड़े किए। मौके पर मौजूद लोगों ने कहा कि खुद को सनातन धर्म की हितैषी बताने वाली भाजपा सरकार के राज में मंदिरों को इस तरह निशाना बनाया जा रहा है। हंगामे की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भारी बल के साथ मौके पर पहुंचे।


जनता के उग्र तेवरों और बढ़ते आक्रोश को देखते हुए फिलहाल मंदिर तोड़े जाने की कार्रवाई को रोकना पड़ा। पुलिस अधिकारियों द्वारा आक्रोशित भीड़ को समझाने-बुझाने का प्रयास किया गया, मंदिर समिति एवं भक्तों ने पिलर बेस पुल बनाए जाने व मंदिर हर हाल में बचाने की मांग पर अड़े हुए हैं ।

इस घटना के बाद से पूरे खेरेश्वर चौराहा क्षेत्र में तनाव का माहौल बना हुआ है, और एहतियात के तौर पर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।


क्षत्रिय करणी सेना के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ज्ञानेंद्र सिंह चौहान ने इस मुद्दे को अपना समर्थन दिया और कहा कि शहर में और जिले में तमाम जगहों पर नही की जमीन में तथा सरकारी जमीनों में अवैध मजार दरगाह मस्जिद आदि बने हुए हैं पहले उनको तोड़ा जाए उसके बाद मंदिर के विषय पर बात की जाएगी।अगर जबरन मंदिर को तोड़ने का प्रयास किया गया तो मैं मंदिर के सामने ही आत्मदाह कर लूंगा ।


गणेश मंदिर के अचलेश्वर पीठाधीश्वर महंत विनय नाथ ने कहा कि हिंदुओं की आस्था को किसी भी कीमत पर चोट नहीं पहुंचने दी जाएगी मंदिर नहीं तोड़ने देंगे।


मंदिर समिति के अंशुल वार्ष्णेय,एडवोकेट मुकेश वार्ष्णेय, युवा जिला अध्यक्ष सचिन राघव, हैरी वार्ष्णेय, पुष्पेंद्र वार्ष्णेय ,विष्णुकांत,


दीपक राजपूत , मनु ठाकुर,अभिनव ठाकुर सहित सैकड़ो की संख्या में करणी सैनिक तथा क्षेत्रीय जनता उपस्थित थी

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